Zindademocracy

दिल्ली विधानसभा चुनावों में फिल्म अभिनेता और पूर्व सांसद शत्रुघ्न सिन्हा की एंट्री बोले दिल्ली में आम आदमी के पक्ष में माहौल

दिल्ली – (एम सलीम खान ब्यूरो) दिल्ली में हो रहे विधानसभा चुनावों में फिल्म अभिनेता और सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने आम आदमी पार्टी के पक्ष चुनावी प्रचार प्रसार किया, इस दौरान उन्होंने कई विधानसभा क्षेत्रों में जन सभाओं को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली के लिए आप के संयोजक और दिल्ली सरकार के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बहुत कुछ कुर्बान किया है और दिल्ली की जनता को जो कुछ दिया उसे दिल्ली वासी कभी भुला नहीं सकते हैं और आम आदमी पार्टी दिल्ली में तीसरी बार भी भारी बहुमत से सरकार बनाने जा रही है, सिन्हा ने कहा कि दिल्ली में आम आदमी का माहौल है और अन्य दलों के उम्मीदवार अपनी जमानत तक नहीं बचा पाएंगे, सिन्हा ने दिल्ली क्षेत्र की कई विधानसभाओं में रोड शो भी किया और आम मतदाताओं से अपील करते हुए कहा कि इस बार भी आप लोग अरविंद केजरीवाल को मजबूत करने के लिए आम आदमी पार्टी के प्रत्याशियों को चुनाव में भरी मतों से विजई बनाएं और अन्य दलों को बेहतर सबक सिखाने में अहम भूमिका निभाएं, उन्होंने कहा कि मैंने सुना है कि कुछ लोग केजरीवाल की नकल कर रहे हैं और अरविंद केजरीवाल की जनकल्याणकारी योजनाओं को भुनाने का कारोबार करने में जुटे हैं लेकिन आप लोगों को होशियार रहना चाहिए ऐसे लोगों को दिल्ली से बाहर से भेज कर अपने अटूट विश्वास को झाड़ू चुनाव चिन्ह को मत देकर उन्हें बता दीजिए कि हम लोग उनके झांसे में नहीं आने वाले, सिन्हा ने बातों बातों में उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ में हुई भगदड़ का जिक्र करते हुए कहा कि तमाम तम झाम के बीच भी महाकुंभ में हुई घटना दुखदाई है और जिन लोगों ने इस हादसे में अपनी जान गंवाई है मैं उनको श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं, उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में जो कुछ भी हुआ उससे आप लोग अच्छी तरह से जानतें हैं मुझे कुछ बताने की जरूरत नहीं है बल्कि आप लोग खुद एक बुद्धि जीवी वर्ग से ताल्लुक रखते हैं, उन्होंने कहा आज जो अपका बिजली का बिल शून्य आ रहा है उसकी वजह कौन है,आज दिल्ली की महिलाएं बसों में निशुल्क सफर कर रही है यह किसकी देन है आज आप को अपने ही मोहल्ले में उचित स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया हो रही है यह किसने किया, कभी आप ने सोचा था कि आपको ऐसी सुविधाएं उपलब्ध होगी उन्होंने कहा जिन लोगों ने दिल्ली पे बरसों राज किया उन्होंने आपको क्या दिया और अब केजरीवाल सरकार आप को क्या क्या दे रही है यह गहराई से सोचें और अपना वोट बेचना नहीं है बल्कि ऐसे लोगों को वोट दे जो आपके हितों की अपके सम्मान की हमीयत समझते हैं और ऐसा कोई शख्स है तो वो सिर्फ अरविंद केजरीवाल है इसलिए भूल कर भी गलती मत करना क्योंकि जो आज आप अपनी मेहनत की पूंजी बचा रहे हैं ये लूटेरे उसके हजम कर जाएंगे और डकार तक नहीं लेंगे, इस दौरान दिल्ली सरकार की मुख्यमंत्री अतिशी,आप संयोजक अरविंद केजरीवाल, सहित आप के वरिष्ठ नेता मौजूद थे।

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Budget 2022 : मनमोहन बनाम मोदी, जनिए किस सरकार ने वसूला ज़्यादा TAX नई दिल्ली | वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण कल मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का चौथा बजट पेश करेंगी. बजट में एक आम आदमी की नजर इनकम टैक्स में छूट पर ही रहती है. कोरोना महामारी के चलते आम आदमी की कमाई बहुत प्रभावित हुई है, इसलिए इस बार आम आदमी इनकम टैक्स कोई बड़ी घोषणा की उम्मीद कर रहा है. मोदी सरकार में बढ़ी टैक्स-फ्री इनकम मोदी सरकार में टैक्सपेयर्स को राहत देने की कोशिश हर बजट में की गई है. मनमोहन सरकार (Manmohan Government) में सालाना 2 लाख तक की कमाई पर कोई टैक्स नहीं लगता था. 2014 में सत्ता में आने के बाद मोदी सरकार (Modi Government) ने अपने पहले ही बजट में इसकी सीमा बढ़ाकर 2.5 लाख तक कर दी थी. यानी, सालभर में अगर 2.5 लाख रुपये तक कमाते हैं तो कोई टैक्स नहीं देना होगा. आया नया इनकम टैक्स सिस्टम 2020 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने जो बजट पेश किया था, उसमें उन्होंने एक नई टैक्स व्यवस्था पेश की थी. नई स्कीम में ये कहा गया कि अगर आप सारी छूट छोड़ देते हैं तो आपको कम टैक्स देना होगा. नई स्कीम में नए स्लैब भी जोड़े गए. वहीं, पुरानी स्कीम उन लोगों के लिए थी जो छूट का लाभ लेते थे और कई जगह निवेश करते थे. मोदी सरकार में इनकम टैक्स को लेकर क्या-क्या बदलाव हुए? ये जानने से पहले ये समझना जरूरी है कि मनमोहन सरकार और मोदी सरकार में कितनी कमाई पर कितना टैक्स लगता था. इसे आप इस टेबल से समझ सकते हैं. मोदी सरकार में इनकम टैक्स में हुए बदलाव 2014 : टैक्स छूट सीमा 2 लाख से बढ़ाकर 2.5 लाख की गई. वरिष्ठ नागरिकों के लिए ये सीमा 2.5 लाख से 3 लाख हुई. साथ ही सेक्शन 80C के तहत, टैक्स डिडक्शन की लिमिट 1.1 लाख से बढ़ाकर 1.5 लाख रुपये हुई. होम लोन के ब्याज पर टैक्स छूट की सीमा 1.5 लाख से बढ़ाकर 2 लाख की गई. 2015 : सेक्शन 80CCD (1b) के तहत एनपीएस में निवेश पर 50,000 रुपये की टैक्स छूट. 1 करोड़ रुपये से ज्यादा की सालाना कमाई करने वालों पर सरचार्ज 10 फीसदी से बढ़ाकर 12 फीसदी किया गया. 2016 : सालाना 5 लाख से कम कमाने वालों के लिए टैक्स रिबेट 2,000 से बढ़ाकर 5,000 रुपये की गई. घर का किराया देने वालों के लिए टैक्स छूट 24,000 से बढ़ाकर 60,000 की गई. घर खरीदने वालों को 35 लाख रुपये तक के लोन पर ब्याज के लिए 50,000 रुपये की टैक्स छूट दी गई. 1 करोड़ से ज्यादा कमाने वालों पर सरचार्ज 15 फीसदी किया गया. 2017 : सभी टैक्सपेयर्स को 12,500 रुपये की टैक्स छूट दी गई. सालाना 2.5 लाख से 5 लाख तक कमाने वालों के लिए टैक्स रेट 10% से घटाकर 5% किया गया. 50 लाख से 1 करोड़ तक कमाने वालों पर 10 फीसदी सरचार्ज लगाया गया. 2018 : सैलरीड क्लास वालों के लिए 40,000 रुपये के स्टैंडर्ड डिडक्शन को वापस लाया गया. इसके बदले में 15,000 रुपये के मेडिकल रिइंबर्समेंट और 19,200 रुपये के ट्रांसपोर्ट अलाउंस पर टैक्स छूट खत्म की गई. सेस 3% से बढ़ाकर 4% किया गया. वरिष्ठ नागरिकों की 50,000 रुपये तक की इंटरेस्ट इनकम को टैक्स छूट दी गई. साथ ही 50,000 रुपये तक मेडिकल खर्च पर टैक्स छूट क्लेम करने की भी सुविधा दी. 2019 : टैक्स रिबेट की लिमिट 2,500 से बढ़ाकर 12,500 रुपये की गई. स्टैंडर्ड डिडक्शन को 40,000 से बढ़ाकर 50,000 किया. किराए पर टीडीएस की सीमा 2.40 लाख रुपये की गई. पहले ये सीमा 1.80 लाख रुपये थी. बैंक या डाकघरों में जमा रकम पर आने वाले 40,000 रुपये तक के ब्याज को टैक्स फ्री किया गया. 2020 : नई इनकम टैक्स स्कीम की घोषणा की गई. अब टैक्सपेयर्स के पास इनकम टैक्स स्लैब के दो ऑप्शन हैं. पुरानी स्कीम में सारी छूट का लाभ मिलता है, लेकिन नई स्कीम में किसी छूट का लाभ नहीं मिलता है. अगर किसी भी तरह की कोई छूट नहीं लेते हैं तो नई स्कीम से टैक्स जमा कर सकते हैं. 2021 : 75 साल से ज्यादा उम्र के पेंशनर्स को टैक्स रिटर्न फाइल करने की छूट मिली, बशर्ते उनकी कमाई पेंशन और बैंक से मिलने वाले ब्याज से होती हो. पिछले बजट में इनकम टैक्स को लेकर कोई घोषणा नहीं हुई थी.

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